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Monday, 4 February 2019

राजस्थान के इस गांव की महिला सरपंच ने किया कमाल,पानी बचाने का अनोखा दिया सन्देश...

अनुकरणीय:प्राचीन कुंओं का करवाया जीर्णोद्वार,
युवाओं को दिया पानी बचानें का संदेश
युवा पीढ़ी को पेयजल के लिए जागरूक करने के लिए ग्राम पंचायत ने करवाया प्राचीन कुंओं का जीर्णोद्वार 


चारणवासी(जयलाल वर्मा)। प्राचीन कुंओं को आगमी पीढ़ी के लिए संभालकर रखने के ग्राम पंचायत रतनपुरा ने अनुकरणीय प्रयास किए है। अधिकांश गांवों के प्राचीन कुंए लुप्त हो गए या लोगों ने मिट्टी भर कर उनकी जगह पर अतिक्रमण कर लिए। गांव के बीच में आधा दर्जन कुंए थे। जिनसें दो दशक पूर्व गांव के बाशिंदे व मवेशी प्यास बुझाते थे। लेकिन गांव में पेयजल के लिए हेड वाटर वक्र्स का निर्माण होने के कारण प्यास बुझाने वाले कुंए लोगों की अनदेखी के शिकार हो गए थे। 


ओर ग्राम पंचायत व ग्रामीणों की अनदेखी के कारण पांच कुंए लुप्त हो गए ओर लोगों ने सार्वजनिक कुंओं की जगह पर भी अतिक्रमण करना शुरू कर दिया था। सरपंच लक्ष्मी देवी वर्मा ने लोगों द्वारा किए जा रहे अतिक्रमण को देखकर एक साल पूर्व प्राचीन धरोहर के जल स्त्रोतों को सुरक्षित करने का विचार किया ओर ग्राम सभा में गांव के बीच शेष बचे एक कुंए की मुडेर व कुंओं की सार्वजनिक जगह पर चार दीवारी बनाने प्रस्ताव लिया। 


पूर्व विधायक अभिषेक मटोरिया ने ग्राम पंचायत के प्रस्ताव की प्रंशसा करते हुए स्वीकार कर लिया। ओर तीन लाख 25 हजार रू स्वीकृत कर दिए। लेकिन इतने बजट में पूरा कार्य नहीं हो सका तो चार दीवारी का रंग-रोगन ग्राम पंचायत ने खुद के बजट से करवा दिया। 


ग्राम पंचायत ने 120&100 का पट्टा बनाकर कुंए पर चार फूट ऊंची मुडेर व पूरी जगह कवर कर चार दीवारी का निर्माण करवा दिया। अब सार्वजनिक जगह व कुंआ वर्षो तक सुरक्षित रहेंगे। प्राचीन कुंओं पर बजट खर्च करने वाली पहली ग्राम पंचायत है। 

                         
 युवा पीढ़ी को जागरूक करने के निए बनाई योजना 
सरपंच लक्ष्मी देवी

सरपंच लक्ष्मी देवी वर्मा ने 'रिपोर्ट एक्सक्लूसिव को बताया कि युवा पीढ़ी पेयजल की कीमत न समझकर व्यर्थ बहा रही है। इसलिए युवा पीढ़ी को जानना जरूरी था कि उनके बुजुर्ग हलक की प्यास बुझाने के लिए कितनी मुश्किलों से गुजरते थे। ओर इन गहरों कुंओं से चरखी के माध्यम से पानी निकाल कर परिवार व मवेशियों  की प्यास बुझाते थे। ये कार्य युवा पीढ़ी को पेयजल के लिए जागरूक करने के लिए किया गया है।

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